जोधपुर- '3 इडियट्‌स' वाले वांगचुक जेल में कर रहे एक्सपेरिमेंट:बैरक अब गर्मी में भी ठंडे रहेंगे, पत्नी बोलीं- पेरेंटिंग एडवाइस ले रहा जेल स्टाफ

एक्टिविस्ट और साइंटिस्ट सोनम वांगचुक जोधपुर की जेल में एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं। गर्मियों में भी बैरक को कैसे ठंडा रखा जाए, इसको लेकर वह इनाेवेशन में जुटे हैं। इतना ही नहीं, जेल के स्टाफ उनसे बेहतर पेरेंटिंग के टिप्स भी ले रहे हैं। इसका खुलासा उनकी पत्नी गीतांजलि अंगमो ने किया है। गीता आंत्रप्रेन्योर हैं। सोनम से मिलने जोधपुर जेल में वे अक्सर आती रहती हैं। मशहूर हिंदी फिल्म 'थ्री इडियट्‌स' सोनम वांगचुक के जीवन पर बनी है। वांगचुक पिछले चार महीने से जोधपुर की जेल में हैं। उन्हें लद्दाख के लिए स्टेट-हुड मांगने और छठे शेड्यूल में जोड़ने के लिए चल रहे धरने से NSA के तहत गिरफ्तार किया गया था। वांगचुक को लेकर सोशल मीडिया पर खूब बात होती है, लेकिन जमीनी स्तर पर क्या हो रहा है? सोनम का जेल में क्या हाल है? वे वहां अपना समय कैसे बिताते हैं? इस पर उनकी पत्नी से दैनिक भास्कर ने बात की। सवाल: जेल में सोनम वांगचुक क्या सोचते हैं? जवाब: लद्दाख में लोग इसलिए चुप हैं, क्योंकि उन्हें डराया गया है। पहले इंटरनेट भी बंद था। इस बारे में सोनम और मैं बात करते हैं। उन्हें दुख होता है कि क्यों लोग बातों को नहीं रख पा रहे। बात सिर्फ भारत की ही नहीं, अमेरिका में देखो क्या हो रहा है। सवाल: जेल में क्या कोई एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं? जवाब: जोधपुर जेल के कॉन्स्टेबल और जेलर, बच्चों के लिए सोनम वांगचुक से लगातार पेरेंटिंग एडवाइज ले रहे हैं। सोनम प्रयोग करने में माहिर हैं। उन्होंने पहले भी ऐसे कई इनोवेटिव प्रयोग किए हैं। सोनम ने पिछले दिनों मुझसे कहा कि सुप्रीम कोर्ट और जेल अथॉरिटी के जरिए उन्हें कुछ इंस्ट्रूमेंट्स और थर्मामीटर मिल गए हैं। इनका उपयोग वह जेल के बैरक को कुछ बेहतर करने के लिए करेंगे, ताकि वह गर्मियों में ठंडे रहें और सर्दियों में गर्म। फिलहाल वे लगातार किताबें पढ़ रहे हैं। ----------------------------- सोनम वांगचुक को राजस्थान शिफ्ट करने की यह खबर भी पढ़िए... सोनम वांगचुक जोधपुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट:लद्दाख से कड़ी सुरक्षा में लाए गए; सरकार ने लेह में हुई हिंसा का जिम्मेदार माना था लद्दाख के सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को शुक्रवार को अरेस्ट कर लिया गया। उन्हें लद्दाख से कड़ी सुरक्षा में जोधपुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट किया गया। (पढ़िए पूरी खबर)

जोधपुर- '3 इडियट्‌स' वाले वांगचुक जेल में कर रहे एक्सपेरिमेंट:बैरक अब गर्मी में भी ठंडे रहेंगे, पत्नी बोलीं- पेरेंटिंग एडवाइस ले रहा जेल स्टाफ
एक्टिविस्ट और साइंटिस्ट सोनम वांगचुक जोधपुर की जेल में एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं। गर्मियों में भी बैरक को कैसे ठंडा रखा जाए, इसको लेकर वह इनाेवेशन में जुटे हैं। इतना ही नहीं, जेल के स्टाफ उनसे बेहतर पेरेंटिंग के टिप्स भी ले रहे हैं। इसका खुलासा उनकी पत्नी गीतांजलि अंगमो ने किया है। गीता आंत्रप्रेन्योर हैं। सोनम से मिलने जोधपुर जेल में वे अक्सर आती रहती हैं। मशहूर हिंदी फिल्म 'थ्री इडियट्‌स' सोनम वांगचुक के जीवन पर बनी है। वांगचुक पिछले चार महीने से जोधपुर की जेल में हैं। उन्हें लद्दाख के लिए स्टेट-हुड मांगने और छठे शेड्यूल में जोड़ने के लिए चल रहे धरने से NSA के तहत गिरफ्तार किया गया था। वांगचुक को लेकर सोशल मीडिया पर खूब बात होती है, लेकिन जमीनी स्तर पर क्या हो रहा है? सोनम का जेल में क्या हाल है? वे वहां अपना समय कैसे बिताते हैं? इस पर उनकी पत्नी से दैनिक भास्कर ने बात की। सवाल: जेल में सोनम वांगचुक क्या सोचते हैं? जवाब: लद्दाख में लोग इसलिए चुप हैं, क्योंकि उन्हें डराया गया है। पहले इंटरनेट भी बंद था। इस बारे में सोनम और मैं बात करते हैं। उन्हें दुख होता है कि क्यों लोग बातों को नहीं रख पा रहे। बात सिर्फ भारत की ही नहीं, अमेरिका में देखो क्या हो रहा है। सवाल: जेल में क्या कोई एक्सपेरिमेंट कर रहे हैं? जवाब: जोधपुर जेल के कॉन्स्टेबल और जेलर, बच्चों के लिए सोनम वांगचुक से लगातार पेरेंटिंग एडवाइज ले रहे हैं। सोनम प्रयोग करने में माहिर हैं। उन्होंने पहले भी ऐसे कई इनोवेटिव प्रयोग किए हैं। सोनम ने पिछले दिनों मुझसे कहा कि सुप्रीम कोर्ट और जेल अथॉरिटी के जरिए उन्हें कुछ इंस्ट्रूमेंट्स और थर्मामीटर मिल गए हैं। इनका उपयोग वह जेल के बैरक को कुछ बेहतर करने के लिए करेंगे, ताकि वह गर्मियों में ठंडे रहें और सर्दियों में गर्म। फिलहाल वे लगातार किताबें पढ़ रहे हैं। ----------------------------- सोनम वांगचुक को राजस्थान शिफ्ट करने की यह खबर भी पढ़िए... सोनम वांगचुक जोधपुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट:लद्दाख से कड़ी सुरक्षा में लाए गए; सरकार ने लेह में हुई हिंसा का जिम्मेदार माना था लद्दाख के सोशल एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को शुक्रवार को अरेस्ट कर लिया गया। उन्हें लद्दाख से कड़ी सुरक्षा में जोधपुर सेंट्रल जेल में शिफ्ट किया गया। (पढ़िए पूरी खबर)