बस्तर के 125 नक्सलियों ने तेलंगाना में डाले हथियार:करोड़ों के हथियार सौंपे, इनमें देवजी टीम के सदस्य भी, 4.18 करोड़ का पुनर्वास पैकेज मिलेगा

छत्तीसगढ़ के 125 नक्सलियों ने तेलंगाना पुलिस के सामने सरेंडर किया है। इस दौरान तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी भी मौजूद थे। आत्मसमर्पण करने वाले कुल 130 नक्सली है, इनमें 125 छत्तीसगढ़ के हैं। मुख्यधारा में लौटने पर सरकार पुर्नवास नीति के तहत इन्हें कुल 4 करोड़ 18 लाख रुपए देगी। समर्पित नक्सली अपने साथ बड़ी मात्रा में हथियार लाए थे। इनमें इंसास, राइफल, बीजीएल शामिल है। इन सभी हथियारों की अनुमानित कीमत करोड़ों में हैं। बता दें कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नक्सली डेडलाइन में अब 24 दिन रह गए हैं। वहीं, बस्तर IG सुंदरराज पी ने जानकारी दी कि बस्तर रेंज में पिछले 6 महीने में 1300 से ज्यादा नक्सली सरेंडर कर चुके हैं। सरेंडर नक्सलियों की तस्वीरें देखिए… देवजी की टीम के माओवादी भी शामिल इन 130 माओवादी कैडर्स में नक्सल संगठन के कई अहम सदस्य भी शामिल हैं। हाल ही में आत्मसमर्पण कर चुके माओवादी संगठन के चीफ देवजी की PLGA कमांडर टीम के सदस्य भी इस सरेंडर में शामिल हैं। ICCC सेंटर में हुआ कार्यक्रम माओवादियों ने यह आत्मसमर्पण 7 मार्च को हैदराबाद के बंजारा हिल्स स्थित ICCC सेंटर में किया। कार्यक्रम में तेलंगाना सरकार के सीनियर अधिकारी और पुलिस विभाग के उच्च अधिकारी भी मौजूद रहे। सुरक्षाबलों के दबाव के कारण सरेंडर जारी सुरक्षाबलों के लगातार दबाव और सरकार की पुनर्वास नीति के कारण माओवादी कैडरों ने मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया है। बड़ी संख्या में हुए इस सामूहिक आत्मसमर्पण को सुरक्षा एजेंसियां माओवादी संगठन के लिए एक बड़ा झटका मान रही हैं। सरकार ने कहा है कि जो भी उग्रवादी हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं, उनके लिए पुनर्वास और नई शुरुआत के सभी रास्ते खुले हैं। शाह की नक्सली डेडलाइन को 24 दिन बाकी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह अगस्त 2024 और दिसंबर 2024 में छत्तीसगढ़ के रायपुर और जगदलपुर आए थे। इस दौरान उन्होंने अलग-अलग मंचों से नक्सलियों को चेताते हुए कहा था कि हथियार डाल दें। हिंसा करोगे तो हमारे जवान निपटेंगे। वहीं उन्होंने एक डेडलाइन भी जारी की है कि 31 मार्च 2026 तक पूरे देश से नक्सलवाद का खात्मा कर दिया जाएगा। शाह के डेडलाइन जारी करने के बाद से बस्तर में नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन काफी तेज हो गए हैं। कई बड़े कैडर के नक्सली मारे जा चुके हैं। शाह की डेडलाइन को अब 24 दिन ही बाकी है। ………………..………… नक्सली सरेंडर से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… गरियाबंद की भालूडिग्गी-पहाड़ी में 46 लाख कैश मिला:महासमुंद में 73 लाख के इनामी 15 नक्सलियों का सरेंडर; 4 इलाके लाल आंतक से मुक्त छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नक्सली डंप से 46 लाख कैश मिला है। ओडिशा बॉर्डर से लगे ग्राम कड़ेदोरा के जंगल में भालूडिग्गी पहाड़ जहां नक्सलियों की बैठकें होती थी। इसी इलाके के निचले हिस्से में जमीन पर बड़ी मात्रा में कैश और डंप ड्रम में गाड़कर रखा गया था। पढ़ें पूरी खबर…

बस्तर के 125 नक्सलियों ने तेलंगाना में डाले हथियार:करोड़ों के हथियार सौंपे, इनमें देवजी टीम के सदस्य भी, 4.18 करोड़ का पुनर्वास पैकेज मिलेगा
छत्तीसगढ़ के 125 नक्सलियों ने तेलंगाना पुलिस के सामने सरेंडर किया है। इस दौरान तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी भी मौजूद थे। आत्मसमर्पण करने वाले कुल 130 नक्सली है, इनमें 125 छत्तीसगढ़ के हैं। मुख्यधारा में लौटने पर सरकार पुर्नवास नीति के तहत इन्हें कुल 4 करोड़ 18 लाख रुपए देगी। समर्पित नक्सली अपने साथ बड़ी मात्रा में हथियार लाए थे। इनमें इंसास, राइफल, बीजीएल शामिल है। इन सभी हथियारों की अनुमानित कीमत करोड़ों में हैं। बता दें कि केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नक्सली डेडलाइन में अब 24 दिन रह गए हैं। वहीं, बस्तर IG सुंदरराज पी ने जानकारी दी कि बस्तर रेंज में पिछले 6 महीने में 1300 से ज्यादा नक्सली सरेंडर कर चुके हैं। सरेंडर नक्सलियों की तस्वीरें देखिए… देवजी की टीम के माओवादी भी शामिल इन 130 माओवादी कैडर्स में नक्सल संगठन के कई अहम सदस्य भी शामिल हैं। हाल ही में आत्मसमर्पण कर चुके माओवादी संगठन के चीफ देवजी की PLGA कमांडर टीम के सदस्य भी इस सरेंडर में शामिल हैं। ICCC सेंटर में हुआ कार्यक्रम माओवादियों ने यह आत्मसमर्पण 7 मार्च को हैदराबाद के बंजारा हिल्स स्थित ICCC सेंटर में किया। कार्यक्रम में तेलंगाना सरकार के सीनियर अधिकारी और पुलिस विभाग के उच्च अधिकारी भी मौजूद रहे। सुरक्षाबलों के दबाव के कारण सरेंडर जारी सुरक्षाबलों के लगातार दबाव और सरकार की पुनर्वास नीति के कारण माओवादी कैडरों ने मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया है। बड़ी संख्या में हुए इस सामूहिक आत्मसमर्पण को सुरक्षा एजेंसियां माओवादी संगठन के लिए एक बड़ा झटका मान रही हैं। सरकार ने कहा है कि जो भी उग्रवादी हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं, उनके लिए पुनर्वास और नई शुरुआत के सभी रास्ते खुले हैं। शाह की नक्सली डेडलाइन को 24 दिन बाकी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह अगस्त 2024 और दिसंबर 2024 में छत्तीसगढ़ के रायपुर और जगदलपुर आए थे। इस दौरान उन्होंने अलग-अलग मंचों से नक्सलियों को चेताते हुए कहा था कि हथियार डाल दें। हिंसा करोगे तो हमारे जवान निपटेंगे। वहीं उन्होंने एक डेडलाइन भी जारी की है कि 31 मार्च 2026 तक पूरे देश से नक्सलवाद का खात्मा कर दिया जाएगा। शाह के डेडलाइन जारी करने के बाद से बस्तर में नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन काफी तेज हो गए हैं। कई बड़े कैडर के नक्सली मारे जा चुके हैं। शाह की डेडलाइन को अब 24 दिन ही बाकी है। ………………..………… नक्सली सरेंडर से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… गरियाबंद की भालूडिग्गी-पहाड़ी में 46 लाख कैश मिला:महासमुंद में 73 लाख के इनामी 15 नक्सलियों का सरेंडर; 4 इलाके लाल आंतक से मुक्त छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नक्सली डंप से 46 लाख कैश मिला है। ओडिशा बॉर्डर से लगे ग्राम कड़ेदोरा के जंगल में भालूडिग्गी पहाड़ जहां नक्सलियों की बैठकें होती थी। इसी इलाके के निचले हिस्से में जमीन पर बड़ी मात्रा में कैश और डंप ड्रम में गाड़कर रखा गया था। पढ़ें पूरी खबर…