रायसेन पुलिस लाइन में मिसाइल अटैक से डरे लोग:धमाकों के बीच आग और ब्लैक आउट से मची चीख-पुकार, चार घायल

बुधवार रात रायसेन जिला पुलिस लाइन अचानक धमाकों की आवाज से गूंज उठा। देखते ही देखते एक घर में भीषण आग लग गई, बम फटने लगे और पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस लाइन में मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। चारों तरफ धुआं, सायरन और चीख-पुकार का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, पुलिस और राहत टीमें मौके पर पहुंचीं और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। इस दौरान चार लोग गंभीर रूप से घायल बताए गए, जिन्हें एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। घटना के बीच पूरे शहर में अचानक ब्लैक आउट कर दिया गया। कुछ ही पलों में पूरा इलाका अंधेरे में डूब गया। सड़कें सूनी हो गईं और लोगों में दहशत फैल गई कि आखिर रायसेन में हुआ क्या है। हालांकि कुछ देर बाद प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यह कोई वास्तविक हमला नहीं, बल्कि युद्ध और हवाई हमले जैसी आपात स्थिति से निपटने के लिए की गई हाई अलर्ट मॉकड्रिल थी। पुलिस लाइन में पहली बार “मिसाइल अटैक मॉकड्रिल” आयोजित की गई थी, जिसमें हमला होने की स्थिति में राहत, बचाव और सुरक्षा व्यवस्थाओं का लाइव प्रदर्शन किया गया। मॉकड्रिल के दौरान पुलिस, होमगार्ड, स्वास्थ्य विभाग, फायर ब्रिगेड और प्रशासनिक अधिकारियों ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। घायलों को सुरक्षित बाहर निकालने, आग बुझाने और क्षेत्र को खाली कराने की कार्रवाई की गई। वहीं ब्लैक आउट के जरिए यह भी परखा गया कि आपात स्थिति में शहर की पहचान छिपाने की व्यवस्था कितनी प्रभावी है। एडीएम मनोज उपाध्याय ने बताया कि शासन के निर्देश पर अलग-अलग जिलों में स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार इस तरह की मॉकड्रिल कराई जा रही है, ताकि आपदा या युद्ध जैसी स्थिति में प्रशासन और राहत एजेंसियों की तैयारी को परखा जा सके। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपूसे ने बताया कि रायसेन जिला पुलिस लाइन में पहली बार इस प्रकार की मिसाइल अटैक मॉकड्रिल आयोजित की गई। इसमें यह अभ्यास किया गया कि हमला होने की स्थिति में लोगों को कैसे सुरक्षित रखना है, कौन-कौन से सुरक्षा इंतजाम जरूरी होंगे और राहत एजेंसियां किस तरह काम करेंगी। मॉकड्रिल के दौरान मौके पर एसडीएम मनीष शर्मा, होमगार्ड डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट उमेश तिवारी, एसडीओपी प्रतिभा शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी डीडी रजक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।

May 14, 2026 - 07:18
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रायसेन पुलिस लाइन में मिसाइल अटैक से डरे लोग:धमाकों के बीच आग और ब्लैक आउट से मची चीख-पुकार, चार घायल
बुधवार रात रायसेन जिला पुलिस लाइन अचानक धमाकों की आवाज से गूंज उठा। देखते ही देखते एक घर में भीषण आग लग गई, बम फटने लगे और पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस लाइन में मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। चारों तरफ धुआं, सायरन और चीख-पुकार का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, पुलिस और राहत टीमें मौके पर पहुंचीं और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। इस दौरान चार लोग गंभीर रूप से घायल बताए गए, जिन्हें एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। घटना के बीच पूरे शहर में अचानक ब्लैक आउट कर दिया गया। कुछ ही पलों में पूरा इलाका अंधेरे में डूब गया। सड़कें सूनी हो गईं और लोगों में दहशत फैल गई कि आखिर रायसेन में हुआ क्या है। हालांकि कुछ देर बाद प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यह कोई वास्तविक हमला नहीं, बल्कि युद्ध और हवाई हमले जैसी आपात स्थिति से निपटने के लिए की गई हाई अलर्ट मॉकड्रिल थी। पुलिस लाइन में पहली बार “मिसाइल अटैक मॉकड्रिल” आयोजित की गई थी, जिसमें हमला होने की स्थिति में राहत, बचाव और सुरक्षा व्यवस्थाओं का लाइव प्रदर्शन किया गया। मॉकड्रिल के दौरान पुलिस, होमगार्ड, स्वास्थ्य विभाग, फायर ब्रिगेड और प्रशासनिक अधिकारियों ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। घायलों को सुरक्षित बाहर निकालने, आग बुझाने और क्षेत्र को खाली कराने की कार्रवाई की गई। वहीं ब्लैक आउट के जरिए यह भी परखा गया कि आपात स्थिति में शहर की पहचान छिपाने की व्यवस्था कितनी प्रभावी है। एडीएम मनोज उपाध्याय ने बताया कि शासन के निर्देश पर अलग-अलग जिलों में स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार इस तरह की मॉकड्रिल कराई जा रही है, ताकि आपदा या युद्ध जैसी स्थिति में प्रशासन और राहत एजेंसियों की तैयारी को परखा जा सके। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपूसे ने बताया कि रायसेन जिला पुलिस लाइन में पहली बार इस प्रकार की मिसाइल अटैक मॉकड्रिल आयोजित की गई। इसमें यह अभ्यास किया गया कि हमला होने की स्थिति में लोगों को कैसे सुरक्षित रखना है, कौन-कौन से सुरक्षा इंतजाम जरूरी होंगे और राहत एजेंसियां किस तरह काम करेंगी। मॉकड्रिल के दौरान मौके पर एसडीएम मनीष शर्मा, होमगार्ड डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट उमेश तिवारी, एसडीओपी प्रतिभा शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी डीडी रजक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।