राष्ट्रपति मुर्मू बोलीं-बेटियों ने क्रिकेट वर्ल्ड कप जीतकर रिकॉर्ड बनाया:देश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी; भारत जल्द दुनिया की तीसरी अर्थव्यवस्था बनेगा
राष्ट्रपति मुर्मू बोलीं-बेटियों ने क्रिकेट वर्ल्ड कप जीतकर रिकॉर्ड बनाया:देश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी; भारत जल्द दुनिया की तीसरी अर्थव्यवस्था बनेगा
77वां गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देश को संबोधन किया। इस दौरान उन्होंने गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए कहा कि ये उत्सव देशवासियों में राष्ट्रीय एकता तथा गौरव की भावना को मजबूत बनाता है। राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि इस साल गणतंत्र दिवस के साथ-साथ वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने का उत्सव भी मनाया जा रहा है। गणतंत्र दिवस का यह पवित्र दिन हमें देश के अतीत, वर्तमान और भविष्य पर सोचने और समझने का मौका देता है। समय के साथ हमारे देश की हालत बदली है। भारत आजाद हुआ और हम खुद अपने देश के भविष्य को तय करने वाले बने।
उन्होंने कहा कि देश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है। 57 करोड़ जन-धन अकाउंट में 56 फीसदी महिलाओं के अकाउंट हैं। 10 करोड़ से ज्यादा सेल्फ हेल्प ग्रुप हैं। खेल-कूद में हमारी बेटियों ने रिकॉर्ड बनाए हैं। महिला क्रिकेट टीम ने ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप, ब्लाइंड वर्ल्ड कप जीता है। नारी शक्ति कानून से देश की महिलाएं और सशक्त होंगी। राष्ट्रपति के अभिभाषण की 6 मुख्य बातें... शांति संदेश पर- हमारी परंपरा में हमेशा पूरी सृष्टि में शांति बनाए रखने की प्रार्थना की जाती रही है। अगर दुनिया में शांति रहेगी तभी मानवता का भविष्य सुरक्षित होगा। आज जब दुनिया के कई हिस्सों में अशांति फैली हुई है, ऐसे समय में भारत शांति और भाईचारे का संदेश पूरे विश्व तक पहुंचा रहा है। हमें गर्व है कि हम भारत भूमि पर जन्मे हैं। हमारे देश के लिए कवि गुरु रवींद्रनाथ ठाकुर ने कहा था- 'हे मेरे देश की मिट्टी, मैं तुम्हारे चरणों में अपना सिर झुकाता हूं।' विकास में अलग-अलग सेक्टर की भूमिका- हमारे पुलिसकर्मी और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस के जवान देश की आतंरिक रक्षा के लिए तत्पर रहते हैं। हमारे सेवाधर्मी डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्यकर्मी देशवासियों की सेवा करते हैं। हमारे इंजीनियर देश के विकास में भूमिका निभाते हैं। हमारी देश के संवेदनशील नागरिक देश को सशक्त बना रहे हैं। किसानों की दम पर कृषि प्रोडक्ट्स विदेश में भेजे जा रहे हैं। नारी शक्ति पर- वंचित वर्ग की योजनाओं को लगातार बढ़ाया जा रहा है। महिलाओं का सक्रिय और समर्थ होना देश के विकास के लिए जरूरी है। उनके स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए किए जा रहे राष्ट्रीय प्रयासों से अनेक क्षेत्रों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है। ऑपरेशन सिंदूर पर- पिछले साल हमारे देश ने ऑपरेशन सिंदूर से आतंकवाद के ठिकानों पर सटीक प्रहार किया। आतंक के अनेक ठिकानों को धवस्त किया गया। बहुत से आतंकवादियों को उनके अंजाम तक पहुंचाया गया। थल-सेना, वायुसेना और नौसेना की शक्ति के आधार पर हमारी सुरक्षा-क्षमता पर देशवासियों को पूरा भरोसा है। मतदाता दिवस पर- 25 जनवरी को देश में राष्ट्र मतदाता दिवस भी मनाया जाता है। जन-प्रतिनिधियों के निर्वाचन के लिए हमारे वयस्क नागरिक उत्साहपूर्वक मतदान करते हैं। बाबासाहब डॉक्टर भीमराव आंबेडकर मानते थे कि मताधिकार के प्रयोग से राजनैतिक शिक्षा सुनिश्चित होती है। मतदान में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी देश के विकास में बहुत महत्वपूर्ण है। पर्यावरण संरक्षण पर- पर्यावरण संरक्षण आज की अत्यंत महत्वपूर्ण प्राथमिकता है। मुझे इस बात पर गर्व होता है कि पर्यावरण से जुड़े अनेक क्षेत्रों में भारत ने विश्व समुदाय का मार्गदर्शन किया है। प्रकृति के साथ समन्वित जीवन-शैली भारत की सांस्कृतिक परंपरा का हिस्सा रही है। यही जीवनशैली, विश्व समुदाय को दिए गए हमारे संदेश लाइफस्टाइल फॉर एनवायरमेंट यानी LIFE का आधार है। हम ऐसे प्रयास करें जिनसे भावी पीढ़ियों के लिए धरती माता के अनमोल संसाधन उपलब्ध रह सकें। गौरतलब है कि 26 जनवरी को देशभर में 77वां गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया जाएगा, जिसमें नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर भव्य परेड का आयोजन किया जाएगा और भारत की सांस्कृतिक विविधता व सैन्य शक्ति का प्रदर्शन किया जाएगा। ---------------------------------------------- 14 अगस्त 2025- राष्ट्रपति बोलीं- सेना ने सीमापार आतंकी ठिकाने तबाह किए:ऑपरेशन सिंदूर ने पहलगाम हमले का जवाब दिया राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 79वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्र को संबोधित किया। 24 मिनट के संबोधन में उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर, कश्मीर रेल प्रोजेक्ट, विकास, लोकतंत्र और अर्थव्यवस्था जैसे विषयों पर बात रखी। उन्होंने कहा- इस साल हमें आतंकवाद का दर्द झेलना पड़ा। पहलगाम हमला कायराना और अमानवीय था। इसके जवाब में ऑपरेशन सिंदूर में सेना ने सीमापार आतंकियों के ठिकानों को तबाह किया। यह आत्मनिर्भर भारत मिशन की परीक्षा का भी अवसर था। पूरी खबर पढ़ें...
77वां गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देश को संबोधन किया। इस दौरान उन्होंने गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए कहा कि ये उत्सव देशवासियों में राष्ट्रीय एकता तथा गौरव की भावना को मजबूत बनाता है। राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि इस साल गणतंत्र दिवस के साथ-साथ वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने का उत्सव भी मनाया जा रहा है। गणतंत्र दिवस का यह पवित्र दिन हमें देश के अतीत, वर्तमान और भविष्य पर सोचने और समझने का मौका देता है। समय के साथ हमारे देश की हालत बदली है। भारत आजाद हुआ और हम खुद अपने देश के भविष्य को तय करने वाले बने।
उन्होंने कहा कि देश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है। 57 करोड़ जन-धन अकाउंट में 56 फीसदी महिलाओं के अकाउंट हैं। 10 करोड़ से ज्यादा सेल्फ हेल्प ग्रुप हैं। खेल-कूद में हमारी बेटियों ने रिकॉर्ड बनाए हैं। महिला क्रिकेट टीम ने ICC क्रिकेट वर्ल्ड कप, ब्लाइंड वर्ल्ड कप जीता है। नारी शक्ति कानून से देश की महिलाएं और सशक्त होंगी। राष्ट्रपति के अभिभाषण की 6 मुख्य बातें... शांति संदेश पर- हमारी परंपरा में हमेशा पूरी सृष्टि में शांति बनाए रखने की प्रार्थना की जाती रही है। अगर दुनिया में शांति रहेगी तभी मानवता का भविष्य सुरक्षित होगा। आज जब दुनिया के कई हिस्सों में अशांति फैली हुई है, ऐसे समय में भारत शांति और भाईचारे का संदेश पूरे विश्व तक पहुंचा रहा है। हमें गर्व है कि हम भारत भूमि पर जन्मे हैं। हमारे देश के लिए कवि गुरु रवींद्रनाथ ठाकुर ने कहा था- 'हे मेरे देश की मिट्टी, मैं तुम्हारे चरणों में अपना सिर झुकाता हूं।' विकास में अलग-अलग सेक्टर की भूमिका- हमारे पुलिसकर्मी और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस के जवान देश की आतंरिक रक्षा के लिए तत्पर रहते हैं। हमारे सेवाधर्मी डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्यकर्मी देशवासियों की सेवा करते हैं। हमारे इंजीनियर देश के विकास में भूमिका निभाते हैं। हमारी देश के संवेदनशील नागरिक देश को सशक्त बना रहे हैं। किसानों की दम पर कृषि प्रोडक्ट्स विदेश में भेजे जा रहे हैं। नारी शक्ति पर- वंचित वर्ग की योजनाओं को लगातार बढ़ाया जा रहा है। महिलाओं का सक्रिय और समर्थ होना देश के विकास के लिए जरूरी है। उनके स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए किए जा रहे राष्ट्रीय प्रयासों से अनेक क्षेत्रों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है। ऑपरेशन सिंदूर पर- पिछले साल हमारे देश ने ऑपरेशन सिंदूर से आतंकवाद के ठिकानों पर सटीक प्रहार किया। आतंक के अनेक ठिकानों को धवस्त किया गया। बहुत से आतंकवादियों को उनके अंजाम तक पहुंचाया गया। थल-सेना, वायुसेना और नौसेना की शक्ति के आधार पर हमारी सुरक्षा-क्षमता पर देशवासियों को पूरा भरोसा है। मतदाता दिवस पर- 25 जनवरी को देश में राष्ट्र मतदाता दिवस भी मनाया जाता है। जन-प्रतिनिधियों के निर्वाचन के लिए हमारे वयस्क नागरिक उत्साहपूर्वक मतदान करते हैं। बाबासाहब डॉक्टर भीमराव आंबेडकर मानते थे कि मताधिकार के प्रयोग से राजनैतिक शिक्षा सुनिश्चित होती है। मतदान में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी देश के विकास में बहुत महत्वपूर्ण है। पर्यावरण संरक्षण पर- पर्यावरण संरक्षण आज की अत्यंत महत्वपूर्ण प्राथमिकता है। मुझे इस बात पर गर्व होता है कि पर्यावरण से जुड़े अनेक क्षेत्रों में भारत ने विश्व समुदाय का मार्गदर्शन किया है। प्रकृति के साथ समन्वित जीवन-शैली भारत की सांस्कृतिक परंपरा का हिस्सा रही है। यही जीवनशैली, विश्व समुदाय को दिए गए हमारे संदेश लाइफस्टाइल फॉर एनवायरमेंट यानी LIFE का आधार है। हम ऐसे प्रयास करें जिनसे भावी पीढ़ियों के लिए धरती माता के अनमोल संसाधन उपलब्ध रह सकें। गौरतलब है कि 26 जनवरी को देशभर में 77वां गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया जाएगा, जिसमें नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर भव्य परेड का आयोजन किया जाएगा और भारत की सांस्कृतिक विविधता व सैन्य शक्ति का प्रदर्शन किया जाएगा। ---------------------------------------------- 14 अगस्त 2025- राष्ट्रपति बोलीं- सेना ने सीमापार आतंकी ठिकाने तबाह किए:ऑपरेशन सिंदूर ने पहलगाम हमले का जवाब दिया राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 79वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्र को संबोधित किया। 24 मिनट के संबोधन में उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर, कश्मीर रेल प्रोजेक्ट, विकास, लोकतंत्र और अर्थव्यवस्था जैसे विषयों पर बात रखी। उन्होंने कहा- इस साल हमें आतंकवाद का दर्द झेलना पड़ा। पहलगाम हमला कायराना और अमानवीय था। इसके जवाब में ऑपरेशन सिंदूर में सेना ने सीमापार आतंकियों के ठिकानों को तबाह किया। यह आत्मनिर्भर भारत मिशन की परीक्षा का भी अवसर था। पूरी खबर पढ़ें...