जेल से छूटते ही सक्रिय हो गया था शिब्बू खान:जबलपुर में 24 घंटे में दो वारदातें; भागने से पहले कुख्यात बदमाश गिरफ्तार

24 घंटे के अंदर दो बड़ी वारदातों को अंजाम देने के बाद जबलपुर शहर छोड़कर भागने की तैयारी कर रहा कुख्यात बदमाश शिब्बू खान को जबलपुर पुलिस ने लम्हेटाघाट से गिरफ्तार किया है। पुलिस को देखते ही वह एक्टिवा से भागने का प्रयास करने लगा, लेकिन संतुलन बिगड़ने से गिर पड़ा, जिससे उसके पैर में गंभीर चोट आई। इसके बाद पुलिस ने उसे इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। शिब्बू खान ने पुराने विवाद को लेकर समझौते के लिए छुई खदान में रहने वाले लालू पटेल पर दबाव बनाया था। जब बात नहीं बनी तो उसने पिस्टल से फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि इस घटना में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। हालांकि, दो दिनों में लगातार दो घटनाओं से गढ़ा इलाके में दहशत फैल गई थी। शिब्बू खान के खिलाफ गढ़ा, तिलवारा, लार्डगंज सहित कई थानों में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट और गैंगवार जैसे जघन्य अपराध दर्ज हैं। जेल से छूटते ही फिर सक्रिय हुआ शिब्बू खान 2024 में एक युवक की हत्या करने के बाद से शिब्बू खान जेल में था। कुछ दिनों पहले ही वह जेल से छूटा है। 2 फरवरी की रात बदमाश चार से पांच नाबालिग लड़कों के साथ छुई-खदान स्थित लालू के घर पहुंचा। इस दौरान वह बाहर ही घूम रहा था। लालू को देखते ही शिब्बू ने पहले 20 हजार रुपये की मांग की और पुराने विवाद को लेकर समझौता करने का दबाव बनाने लगा। जब लालू ने रुपए देने से मना किया तो बदमाश ने पिस्टल निकाली और फायर कर दिया। गनीमत रही कि गोली लालू के बगल से निकल गई, जिससे उसकी जान बच गई। लालू पर फायरिंग करने के बाद शिब्बू पड़ोस में ही रहने वाले प्रियांशु के साथ भी मारपीट करता हुआ फरार हो गया। 2 फरवरी को फायरिंग करने के बाद बाद शिब्बू खान साथियों के साथ मौके से फरार हो गया। पीड़ित गढ़ा थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने बदमाश के खिलाफ मामला दर्ज करते हुए तलाश शुरू कर दी, लेकिन वह पुलिस के हाथ नहीं लगा, इस बीच 2 फरवरी की रात को फिर से शिब्बू खान लालू के घर पहुंचा और फिर पिस्टल से फायरिंग कर फरार हो गया। गुरुवार-शुक्रवार की देर रात गढ़ा थाना पुलिस को सूचना लगी कि कुख्यात बदमाश शिब्बू लम्हेटाघाट के पास अकेला घूम रहा है। मौके पर फौरन पुलिस पहुंची और घेराबंदी की, इस दौरान वह एक्टिवा में सवार होकर भागा तो बीच सड़क पर गिर गया, जिसके चलते चोटिल हो गया। नवंबर 2024 में की थी हत्या शिब्बू खान ने नवंबर 2024 में जुआ फड़ पर हुए विवाद के बाद गढ़ा निवासी दिनेश झारिया की निहाल केवट, राधे, अज्जू और बुच्ची के साथ मिलकर चाकू मारकर हत्या कर दी थी। गढ़ा थाना पुलिस ने घटना के एक सप्ताह बाद शिब्बू के सभी साथियों को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन शिब्बू फरार था। 1 नवंबर को गढ़ा थाना पुलिस को मुखबिर से देर रात उसके मदन महल पहाड़ी पर होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने उसकी घेराबंदी की तो वह पहाड़ी से कूद गया। पुलिस मौके पर पहुंची तो बदमाश घायल अवस्था में पड़ा मिला। पहाड़ी से कूदने के कारण उसके दोनों पैर टूट गए थे। घायल हालत में पुलिस ने उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था।

जेल से छूटते ही सक्रिय हो गया था शिब्बू खान:जबलपुर में 24 घंटे में दो वारदातें; भागने से पहले कुख्यात बदमाश गिरफ्तार
24 घंटे के अंदर दो बड़ी वारदातों को अंजाम देने के बाद जबलपुर शहर छोड़कर भागने की तैयारी कर रहा कुख्यात बदमाश शिब्बू खान को जबलपुर पुलिस ने लम्हेटाघाट से गिरफ्तार किया है। पुलिस को देखते ही वह एक्टिवा से भागने का प्रयास करने लगा, लेकिन संतुलन बिगड़ने से गिर पड़ा, जिससे उसके पैर में गंभीर चोट आई। इसके बाद पुलिस ने उसे इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। शिब्बू खान ने पुराने विवाद को लेकर समझौते के लिए छुई खदान में रहने वाले लालू पटेल पर दबाव बनाया था। जब बात नहीं बनी तो उसने पिस्टल से फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि इस घटना में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। हालांकि, दो दिनों में लगातार दो घटनाओं से गढ़ा इलाके में दहशत फैल गई थी। शिब्बू खान के खिलाफ गढ़ा, तिलवारा, लार्डगंज सहित कई थानों में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट और गैंगवार जैसे जघन्य अपराध दर्ज हैं। जेल से छूटते ही फिर सक्रिय हुआ शिब्बू खान 2024 में एक युवक की हत्या करने के बाद से शिब्बू खान जेल में था। कुछ दिनों पहले ही वह जेल से छूटा है। 2 फरवरी की रात बदमाश चार से पांच नाबालिग लड़कों के साथ छुई-खदान स्थित लालू के घर पहुंचा। इस दौरान वह बाहर ही घूम रहा था। लालू को देखते ही शिब्बू ने पहले 20 हजार रुपये की मांग की और पुराने विवाद को लेकर समझौता करने का दबाव बनाने लगा। जब लालू ने रुपए देने से मना किया तो बदमाश ने पिस्टल निकाली और फायर कर दिया। गनीमत रही कि गोली लालू के बगल से निकल गई, जिससे उसकी जान बच गई। लालू पर फायरिंग करने के बाद शिब्बू पड़ोस में ही रहने वाले प्रियांशु के साथ भी मारपीट करता हुआ फरार हो गया। 2 फरवरी को फायरिंग करने के बाद बाद शिब्बू खान साथियों के साथ मौके से फरार हो गया। पीड़ित गढ़ा थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने बदमाश के खिलाफ मामला दर्ज करते हुए तलाश शुरू कर दी, लेकिन वह पुलिस के हाथ नहीं लगा, इस बीच 2 फरवरी की रात को फिर से शिब्बू खान लालू के घर पहुंचा और फिर पिस्टल से फायरिंग कर फरार हो गया। गुरुवार-शुक्रवार की देर रात गढ़ा थाना पुलिस को सूचना लगी कि कुख्यात बदमाश शिब्बू लम्हेटाघाट के पास अकेला घूम रहा है। मौके पर फौरन पुलिस पहुंची और घेराबंदी की, इस दौरान वह एक्टिवा में सवार होकर भागा तो बीच सड़क पर गिर गया, जिसके चलते चोटिल हो गया। नवंबर 2024 में की थी हत्या शिब्बू खान ने नवंबर 2024 में जुआ फड़ पर हुए विवाद के बाद गढ़ा निवासी दिनेश झारिया की निहाल केवट, राधे, अज्जू और बुच्ची के साथ मिलकर चाकू मारकर हत्या कर दी थी। गढ़ा थाना पुलिस ने घटना के एक सप्ताह बाद शिब्बू के सभी साथियों को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन शिब्बू फरार था। 1 नवंबर को गढ़ा थाना पुलिस को मुखबिर से देर रात उसके मदन महल पहाड़ी पर होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने उसकी घेराबंदी की तो वह पहाड़ी से कूद गया। पुलिस मौके पर पहुंची तो बदमाश घायल अवस्था में पड़ा मिला। पहाड़ी से कूदने के कारण उसके दोनों पैर टूट गए थे। घायल हालत में पुलिस ने उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था।