राजगढ़ में तीन दिन बाद सफाई कर्मचारी लौटे काम पर:हड़ताल खत्म कर सड़कों पर उतरे, मुख्यमंत्री ने 8 में से 6 मांगें मानीं
राजगढ़ में तीन दिन बाद शनिवार सुबह सफाई का काम फिर शुरू हो गया। हड़ताल खत्म होने के बाद सफाई कर्मचारी झाड़ू लेकर सड़कों पर उतरे और जमा कचरा उठाने लगे। कर्मचारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने उनकी आठ सूत्रीय मांगों में से छह मान ली हैं। इसके बाद उन्होंने काम पर लौटने का फैसला किया। दरोगा और मेट ने संभाली सफाई की जिम्मेदारी नगर पालिका के दरोगा अनिल वाल्मीकि, रंजीत लोहात, मेट शिवा लोहात, दिनेश और अन्य कर्मचारियों ने अलग-अलग इलाकों में सफाई की। दरोगा अनिल वाल्मीकि ने बताया कि राजगढ़ नगर उनके लिए परिवार जैसा है। सफाई कर्मचारी साल के 365 दिन शहर को साफ रखने का काम करते हैं। हड़ताल के कारण पिछले दो-तीन दिनों से सफाई नहीं हो पा रही थी। दीपावली पर शहर में कचरा जमा देखकर कर्मचारियों को भी पीड़ा हो रही थी। उन्होंने बताया कि सफाई कर्मचारियों की आठ सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेशभर में हड़ताल की जा रही थी। कर्मचारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने छह मांगें मान ली हैं। इसके लिए उन्होंने मध्यप्रदेश शासन और प्रशासन का धन्यवाद किया। पूरे शहर में सफाई करने का दावा अनिल वाल्मीकि ने बताया कि शनिवार को सभी दरोगा और मेट ने सफाई की जिम्मेदारी संभाल ली है। पूरे दिन राजगढ़ नगर में सफाई की जाएगी और कोई वार्ड या इलाका नहीं छूटेगा। उन्होंने नगरवासियों, जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों से सफाई में सहयोग की अपील की। उनका कहना है कि राजगढ़ को साफ रखना सभी की जिम्मेदारी है।
राजगढ़ में तीन दिन बाद शनिवार सुबह सफाई का काम फिर शुरू हो गया। हड़ताल खत्म होने के बाद सफाई कर्मचारी झाड़ू लेकर सड़कों पर उतरे और जमा कचरा उठाने लगे। कर्मचारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने उनकी आठ सूत्रीय मांगों में से छह मान ली हैं। इसके बाद उन्होंने काम पर लौटने का फैसला किया। दरोगा और मेट ने संभाली सफाई की जिम्मेदारी नगर पालिका के दरोगा अनिल वाल्मीकि, रंजीत लोहात, मेट शिवा लोहात, दिनेश और अन्य कर्मचारियों ने अलग-अलग इलाकों में सफाई की। दरोगा अनिल वाल्मीकि ने बताया कि राजगढ़ नगर उनके लिए परिवार जैसा है। सफाई कर्मचारी साल के 365 दिन शहर को साफ रखने का काम करते हैं। हड़ताल के कारण पिछले दो-तीन दिनों से सफाई नहीं हो पा रही थी। दीपावली पर शहर में कचरा जमा देखकर कर्मचारियों को भी पीड़ा हो रही थी। उन्होंने बताया कि सफाई कर्मचारियों की आठ सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदेशभर में हड़ताल की जा रही थी। कर्मचारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने छह मांगें मान ली हैं। इसके लिए उन्होंने मध्यप्रदेश शासन और प्रशासन का धन्यवाद किया। पूरे शहर में सफाई करने का दावा अनिल वाल्मीकि ने बताया कि शनिवार को सभी दरोगा और मेट ने सफाई की जिम्मेदारी संभाल ली है। पूरे दिन राजगढ़ नगर में सफाई की जाएगी और कोई वार्ड या इलाका नहीं छूटेगा। उन्होंने नगरवासियों, जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों से सफाई में सहयोग की अपील की। उनका कहना है कि राजगढ़ को साफ रखना सभी की जिम्मेदारी है।