देवरिया में घना कोहरा, न्यूनतम तापमान 10 डिग्री:शीतलहर से जनजीवन प्रभावित, कई ट्रेनें रद्द, लो विजिबिलिटी से थमा ट्रैफिक

देवरिया जिले में शनिवार सुबह से घना कोहरा और शीतलहर का प्रकोप देखा गया। इससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ। रात से चल रही सर्द हवाओं के कारण ठंड और गलन में वृद्धि हुई है, जिससे सुबह शहर और ग्रामीण इलाकों में लोग ठिठुरते हुए दिखे। शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, 8 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही ठंडी हवाओं के कारण फिलहाल ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। घने कोहरे का असर यातायात व्यवस्था पर भी पड़ा। दृश्यता घटकर मात्र एक किलोमीटर रह गई, जिससे देवरिया-गोरखपुर राजमार्ग पर वाहनों की गति धीमी हो गई। सुबह के समय वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। कई स्थानों पर वाहनों की लंबी कतारें देखी गईं, जिससे जाम की स्थिति बनी। रेल यातायात भी कोहरे से प्रभावित हुआ। सुरक्षा कारणों से रेलवे प्रशासन ने लगभग आधा दर्जन ट्रेनें रद्द कर दीं। देवरिया सदर, सलेमपुर और भटनी रेलवे स्टेशनों से गुजरने वाली छपरा-गोरखपुर इंटरसिटी, छपरा-गोरखपुर पैसेंजर, छपरा-सिवान पैसेंजर, गोरखपुर-वाराणसी इंटरसिटी और भटनी-वाराणसी पैसेंजर ट्रेनों का संचालन आंशिक रूप से प्रभावित रहा या वे समय पर नहीं चल सकीं। इससे यात्रियों को असुविधा हुई और वे स्टेशनों पर जानकारी लेते देखे गए। ठंड और कोहरे के कारण वायु गुणवत्ता पर भी असर पड़ा है, जिससे हवा में प्रदूषण का स्तर बढ़ गया है। चिकित्सकों ने बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। ठंड और कोहरे के कारण लोग सुबह-शाम घरों से निकलने से बच रहे हैं। बाजारों में भी चहल-पहल कम रही। लोग ठंड से बचाव के लिए अलाव, हीटर और गर्म कपड़ों का उपयोग कर रहे हैं। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से ठंड से बचाव के उपाय अपनाने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।

देवरिया में घना कोहरा, न्यूनतम तापमान 10 डिग्री:शीतलहर से जनजीवन प्रभावित, कई ट्रेनें रद्द, लो विजिबिलिटी से थमा ट्रैफिक
देवरिया जिले में शनिवार सुबह से घना कोहरा और शीतलहर का प्रकोप देखा गया। इससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ। रात से चल रही सर्द हवाओं के कारण ठंड और गलन में वृद्धि हुई है, जिससे सुबह शहर और ग्रामीण इलाकों में लोग ठिठुरते हुए दिखे। शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, 8 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही ठंडी हवाओं के कारण फिलहाल ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। घने कोहरे का असर यातायात व्यवस्था पर भी पड़ा। दृश्यता घटकर मात्र एक किलोमीटर रह गई, जिससे देवरिया-गोरखपुर राजमार्ग पर वाहनों की गति धीमी हो गई। सुबह के समय वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। कई स्थानों पर वाहनों की लंबी कतारें देखी गईं, जिससे जाम की स्थिति बनी। रेल यातायात भी कोहरे से प्रभावित हुआ। सुरक्षा कारणों से रेलवे प्रशासन ने लगभग आधा दर्जन ट्रेनें रद्द कर दीं। देवरिया सदर, सलेमपुर और भटनी रेलवे स्टेशनों से गुजरने वाली छपरा-गोरखपुर इंटरसिटी, छपरा-गोरखपुर पैसेंजर, छपरा-सिवान पैसेंजर, गोरखपुर-वाराणसी इंटरसिटी और भटनी-वाराणसी पैसेंजर ट्रेनों का संचालन आंशिक रूप से प्रभावित रहा या वे समय पर नहीं चल सकीं। इससे यात्रियों को असुविधा हुई और वे स्टेशनों पर जानकारी लेते देखे गए। ठंड और कोहरे के कारण वायु गुणवत्ता पर भी असर पड़ा है, जिससे हवा में प्रदूषण का स्तर बढ़ गया है। चिकित्सकों ने बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। ठंड और कोहरे के कारण लोग सुबह-शाम घरों से निकलने से बच रहे हैं। बाजारों में भी चहल-पहल कम रही। लोग ठंड से बचाव के लिए अलाव, हीटर और गर्म कपड़ों का उपयोग कर रहे हैं। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से ठंड से बचाव के उपाय अपनाने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।