मरीन ड्राइव:पार्किंग है नहीं, सड़क पर बोर्ड लगा पैसे वसूलेगा निगम

अगर आप भी तेलीबांधा तालाब (मरीन ड्राइव) जाते हैं और सड़क पर गाड़ी पार्क करते हैं तो आपको चार्ज देना होगा। ऐसा इसलिए क्याेंकि नगर निगम तेलीबांधा तालाब आने वाले शहर​वासियों से शुल्क वसूलने की तैयारी में है। यहां आने वाले लोगों को सड़क पर गाड़ी खड़ी करने के लिए पार्किंग शुल्क देना होगा। निगम ने यहां पर इससे संबंधित बोर्ड भी लगा दिया है। लगाए गए पार्किंग बोर्ड के अनुसार तेलीबांधा तालाब के सामने सड़क पर बाइक की 4 घंटे की पार्किंग के लिए 10 और कार पार्क करने पर 20 रुपए वसूले जाएंगे। निगम का दावा है कि इससे तेलीबांधा मुख्य मार्ग में यातायात व्यवस्था बेहतर होगी। क्योंकि यहां पार्क की जाने वाली गाड़ियां व्यवस्थित खड़ी होंगी। इधर, तेलीबांधा तालाब में रोजाना बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। यह एरिया चौपाटी के रूप में विकसित की गई है। ऐसे में सुबह से लेकर शाम तक यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। यही नहीं सुबह और शाम के समय यहां लोग वाक करने भी आते हैं। सामान्य दिनों में इनकी संख्या करीब 500 होती है, लेकिन वीकेंड में यह संख्या दोगुनी हो जाती है। पैसा वसूलना नहीं, जाम से राहत दिलाना उद्देश्य तेलीबांधा तालाब में माॉर्निंग वाक पर आने वालों से कोई वसूली नहीं होगी। शाम के समय यहां अस्त-व्यस्त गाड़ियां पार्क होती है। व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से इसे शुरू किया जा रहा है न कि पैसे वसूलने के उद्देश्य से। - मीनल चौबे, महापौर पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं : तेलीबांधा तालाब के एक तरफ तो महंगे रेस्टोरेंट्स और दुकानें हैं। वहीं तालाब के एरिया को चौपाटी की तरह विकसित की गई है। ऐसे में यहां बड़ी संख्या में वेंडर ठेले लगाते हैं। यहां समय बिताते हुए खाने का जायका लेने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग आते हैं। बावजूद इसके यहां पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। लोगों ने कहा- यह गलत, अब टहलने और शांति से बैठने के देने होंगे पैसे निगम का निर्णय गलत दिनभर के काम के बाद रोज शाम को मैं मरीन ड्राइव पर वाक करने आता हूं। निगम का पार्किंग शुल्क वसूलने का निर्णय गलत है। जबकि मरीन ड्राइव के मेंटेनेंस और सफाई पर निगम का ध्यान नहीं है। जयंत साहू, जोरा घूमने कहां जाएं ^मैं महीने में करीब 20 दिन शाम के समय मरीन ड्राइव आता हूं। इसके कुछ चक्कर लगाता हूं। अब यहां पार्किंग का पैसा देना होगा तो निगम ही बताए हम कहां घूमने जाएंगे? - गौरव शर्मा, भनपुरी शुल्क वसूलना जायज नहीं अब यहां वाक पर आने वालों से पार्किंग वसूलने की तैयारी है। दिनभर के काम के बाद यहां शांति से बैठने और टहलने के लिए आने वालों से पार्किंग शुल्क वसूलना जायज नहीं है। - रिया तिवारी, पुरानी बस्ती आम लोगों को पार्किंग की सुविधा तो दें तेलीबांधा तालाब में पार्किंग शुल्क वहां जाने वाले आम आदमी पर महंगाई की मार है। तेलीबांधा में लोग सड़क पर गाड़ी खड़ी करत हैं ना कि पार्किंग में। इसलिए व्यवस्था के नाम पर किया गया यह फैसला जायज नहीं है। - आकाश तिवारी, निगम नेता प्रतिपक्ष

मरीन ड्राइव:पार्किंग है नहीं, सड़क पर बोर्ड लगा पैसे वसूलेगा निगम
अगर आप भी तेलीबांधा तालाब (मरीन ड्राइव) जाते हैं और सड़क पर गाड़ी पार्क करते हैं तो आपको चार्ज देना होगा। ऐसा इसलिए क्याेंकि नगर निगम तेलीबांधा तालाब आने वाले शहर​वासियों से शुल्क वसूलने की तैयारी में है। यहां आने वाले लोगों को सड़क पर गाड़ी खड़ी करने के लिए पार्किंग शुल्क देना होगा। निगम ने यहां पर इससे संबंधित बोर्ड भी लगा दिया है। लगाए गए पार्किंग बोर्ड के अनुसार तेलीबांधा तालाब के सामने सड़क पर बाइक की 4 घंटे की पार्किंग के लिए 10 और कार पार्क करने पर 20 रुपए वसूले जाएंगे। निगम का दावा है कि इससे तेलीबांधा मुख्य मार्ग में यातायात व्यवस्था बेहतर होगी। क्योंकि यहां पार्क की जाने वाली गाड़ियां व्यवस्थित खड़ी होंगी। इधर, तेलीबांधा तालाब में रोजाना बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। यह एरिया चौपाटी के रूप में विकसित की गई है। ऐसे में सुबह से लेकर शाम तक यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। यही नहीं सुबह और शाम के समय यहां लोग वाक करने भी आते हैं। सामान्य दिनों में इनकी संख्या करीब 500 होती है, लेकिन वीकेंड में यह संख्या दोगुनी हो जाती है। पैसा वसूलना नहीं, जाम से राहत दिलाना उद्देश्य तेलीबांधा तालाब में माॉर्निंग वाक पर आने वालों से कोई वसूली नहीं होगी। शाम के समय यहां अस्त-व्यस्त गाड़ियां पार्क होती है। व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से इसे शुरू किया जा रहा है न कि पैसे वसूलने के उद्देश्य से। - मीनल चौबे, महापौर पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं : तेलीबांधा तालाब के एक तरफ तो महंगे रेस्टोरेंट्स और दुकानें हैं। वहीं तालाब के एरिया को चौपाटी की तरह विकसित की गई है। ऐसे में यहां बड़ी संख्या में वेंडर ठेले लगाते हैं। यहां समय बिताते हुए खाने का जायका लेने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग आते हैं। बावजूद इसके यहां पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। लोगों ने कहा- यह गलत, अब टहलने और शांति से बैठने के देने होंगे पैसे निगम का निर्णय गलत दिनभर के काम के बाद रोज शाम को मैं मरीन ड्राइव पर वाक करने आता हूं। निगम का पार्किंग शुल्क वसूलने का निर्णय गलत है। जबकि मरीन ड्राइव के मेंटेनेंस और सफाई पर निगम का ध्यान नहीं है। जयंत साहू, जोरा घूमने कहां जाएं ^मैं महीने में करीब 20 दिन शाम के समय मरीन ड्राइव आता हूं। इसके कुछ चक्कर लगाता हूं। अब यहां पार्किंग का पैसा देना होगा तो निगम ही बताए हम कहां घूमने जाएंगे? - गौरव शर्मा, भनपुरी शुल्क वसूलना जायज नहीं अब यहां वाक पर आने वालों से पार्किंग वसूलने की तैयारी है। दिनभर के काम के बाद यहां शांति से बैठने और टहलने के लिए आने वालों से पार्किंग शुल्क वसूलना जायज नहीं है। - रिया तिवारी, पुरानी बस्ती आम लोगों को पार्किंग की सुविधा तो दें तेलीबांधा तालाब में पार्किंग शुल्क वहां जाने वाले आम आदमी पर महंगाई की मार है। तेलीबांधा में लोग सड़क पर गाड़ी खड़ी करत हैं ना कि पार्किंग में। इसलिए व्यवस्था के नाम पर किया गया यह फैसला जायज नहीं है। - आकाश तिवारी, निगम नेता प्रतिपक्ष