रायसेन में बारिश का अलर्ट जारी:किसान बोले- गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद, बादल छाए, पारा 10 डिग्री पहुंचा
रायसेन में बारिश का अलर्ट जारी:किसान बोले- गेहूं की फसल के लिए फायदेमंद, बादल छाए, पारा 10 डिग्री पहुंचा
रायसेन में गुरुवार और शुक्रवार को आसमान में घने बादल छाए रहे और ठंडी हवाएं चलीं। मौसम विभाग ने इस सीजन में पहली बार मावठे की बारिश की संभावना जताई है, जिससे मौसम में बदलाव देखा जा रहा है। बादल छाने के कारण दिन और रात के तापमान में वृद्धि दर्ज की गई है, हालांकि ठंडी हवाओं के चलते सर्दी बरकरार है। गुरुवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में बारिश की संभावना
पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी और पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के प्रभाव से मध्य प्रदेश सहित रायसेन में भी मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार से ही मौसम में बदलाव देखा गया है। शुक्रवार को उत्तरी हिस्से में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। 26 जनवरी से उत्तर-पश्चिम भारत को एक और मजबूत पश्चिमी विक्षोभ प्रभावित कर सकता है, जिससे बारिश की संभावना है। गेहूं की फसल को फायदा मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक तेज ठंड पड़ने का अनुमान नहीं जताया है। वहीं, सुबह के समय हल्के से मध्यम कोहरा छाया रह सकता है। रायसेन के किसान मिट्ठू लाल धाकड़ और सुरेश कुशवाहा ने बताया कि इस सीजन में अभी तक मावठे की बारिश नहीं हुई है। यदि अब बारिश होती है, तो यह गेहूं की फसल के लिए अमृत समान फायदेमंद होगी। बारिश से किसानों को गेहूं की फसल में पानी देने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी, जिससे उनकी बिजली और पानी दोनों की बचत होगी।
रायसेन में गुरुवार और शुक्रवार को आसमान में घने बादल छाए रहे और ठंडी हवाएं चलीं। मौसम विभाग ने इस सीजन में पहली बार मावठे की बारिश की संभावना जताई है, जिससे मौसम में बदलाव देखा जा रहा है। बादल छाने के कारण दिन और रात के तापमान में वृद्धि दर्ज की गई है, हालांकि ठंडी हवाओं के चलते सर्दी बरकरार है। गुरुवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में बारिश की संभावना
पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी और पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के प्रभाव से मध्य प्रदेश सहित रायसेन में भी मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार से ही मौसम में बदलाव देखा गया है। शुक्रवार को उत्तरी हिस्से में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। 26 जनवरी से उत्तर-पश्चिम भारत को एक और मजबूत पश्चिमी विक्षोभ प्रभावित कर सकता है, जिससे बारिश की संभावना है। गेहूं की फसल को फायदा मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक तेज ठंड पड़ने का अनुमान नहीं जताया है। वहीं, सुबह के समय हल्के से मध्यम कोहरा छाया रह सकता है। रायसेन के किसान मिट्ठू लाल धाकड़ और सुरेश कुशवाहा ने बताया कि इस सीजन में अभी तक मावठे की बारिश नहीं हुई है। यदि अब बारिश होती है, तो यह गेहूं की फसल के लिए अमृत समान फायदेमंद होगी। बारिश से किसानों को गेहूं की फसल में पानी देने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी, जिससे उनकी बिजली और पानी दोनों की बचत होगी।