सतना में कोटेदार पर शासकीय राशन के गबन का आरोप:स्टॉक में दिखा अनाज, गोदाम मिला खाली; उप सरपंच और ग्रामीणों ने SDM से की शिकायत

सतना जिले के उचेहरा विकासखंड की ग्राम पंचायत भरहटा में संचालित उचित मूल्य दुकान पर शासकीय राशन के कथित गबन और कालाबाजारी का मामला सामने आया है। पंचायत प्रतिनिधियों, स्थानीय सतर्कता समिति और ग्रामीणों द्वारा किए गए औचक निरीक्षण में गोदाम खाली मिला, जबकि पीओएस मशीन की स्टॉक रिपोर्ट में कई क्विंटल गेहूं और चावल उपलब्ध दर्शाया गया। मामले को लेकर ग्रामीणों ने एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। स्टॉक रिपोर्ट में अनाज, लेकिन गोदाम खाली ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बाद सरपंच, उपसरपंच शिवम बड़गइयां, स्थानीय सतर्कता समिति और ग्रामीणों ने उचित मूल्य दुकान का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पीओएस मशीन से निकाली गई स्टॉक रिपोर्ट में पर्याप्त मात्रा में गेहूं और चावल दर्ज था, लेकिन भौतिक सत्यापन में गोदाम पूरी तरह खाली मिला। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब 50 राशन कार्डधारकों को अब तक खाद्यान्न नहीं मिला है। उन्हें कई दिनों से यह कहकर वापस भेजा जा रहा है कि दुकान में राशन समाप्त हो चुका है। बिना लाइसेंसधारी के चल रही थी दुकान निरीक्षण के दौरान मूल लाइसेंसधारी संचालक मौके पर मौजूद नहीं था। ग्रामीणों का आरोप है कि दुकान का संचालन एक निजी व्यक्ति द्वारा किया जा रहा था। मौके पर मौजूद व्यक्ति ने बताया कि दुकान महीने में केवल तीन दिन ही खोली जाती है। कम राशन देने और रसीद नहीं देने का आरोप ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राशन वितरण के समय हितग्राहियों को पीओएस मशीन से निकलने वाली रसीद नहीं दी जाती। साथ ही प्रत्येक राशन कार्ड पर 2 से 5 किलोग्राम तक कम अनाज दिया जाता है। कुछ हितग्राहियों ने यह भी शिकायत की कि पहले उनसे मशीन पर अंगूठा लगवा लिया गया, लेकिन बाद में राशन खत्म होने की बात कहकर बिना खाद्यान्न दिए लौटा दिया गया। वीडियो और पंचनामा के साथ SDM से शिकायत मामले की गंभीरता को देखते हुए पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर हस्ताक्षरित मौका मुआयना पंचनामा और निरीक्षण के वीडियो साक्ष्य सौंपे। उपसरपंच शिवम बड़गइयां ने मांग की है कि उचित मूल्य दुकान का लाइसेंस तत्काल निलंबित किया जाए, दुकान को सील किया जाए और आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत संबंधित संचालक एवं सेल्समैन के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार फिलहाल मामले में शिकायत प्रशासन के समक्ष पहुंच चुकी है। अब जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि स्टॉक रिपोर्ट और भौतिक सत्यापन में सामने आए अंतर की वजह क्या है और आरोपों में कितनी सच्चाई है। ग्रामीणों को अब प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार है।

Jul 18, 2026 - 08:31
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सतना में कोटेदार पर शासकीय राशन के गबन का आरोप:स्टॉक में दिखा अनाज, गोदाम मिला खाली; उप सरपंच और ग्रामीणों ने SDM से की शिकायत
सतना जिले के उचेहरा विकासखंड की ग्राम पंचायत भरहटा में संचालित उचित मूल्य दुकान पर शासकीय राशन के कथित गबन और कालाबाजारी का मामला सामने आया है। पंचायत प्रतिनिधियों, स्थानीय सतर्कता समिति और ग्रामीणों द्वारा किए गए औचक निरीक्षण में गोदाम खाली मिला, जबकि पीओएस मशीन की स्टॉक रिपोर्ट में कई क्विंटल गेहूं और चावल उपलब्ध दर्शाया गया। मामले को लेकर ग्रामीणों ने एसडीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। स्टॉक रिपोर्ट में अनाज, लेकिन गोदाम खाली ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बाद सरपंच, उपसरपंच शिवम बड़गइयां, स्थानीय सतर्कता समिति और ग्रामीणों ने उचित मूल्य दुकान का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पीओएस मशीन से निकाली गई स्टॉक रिपोर्ट में पर्याप्त मात्रा में गेहूं और चावल दर्ज था, लेकिन भौतिक सत्यापन में गोदाम पूरी तरह खाली मिला। ग्रामीणों का आरोप है कि करीब 50 राशन कार्डधारकों को अब तक खाद्यान्न नहीं मिला है। उन्हें कई दिनों से यह कहकर वापस भेजा जा रहा है कि दुकान में राशन समाप्त हो चुका है। बिना लाइसेंसधारी के चल रही थी दुकान निरीक्षण के दौरान मूल लाइसेंसधारी संचालक मौके पर मौजूद नहीं था। ग्रामीणों का आरोप है कि दुकान का संचालन एक निजी व्यक्ति द्वारा किया जा रहा था। मौके पर मौजूद व्यक्ति ने बताया कि दुकान महीने में केवल तीन दिन ही खोली जाती है। कम राशन देने और रसीद नहीं देने का आरोप ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राशन वितरण के समय हितग्राहियों को पीओएस मशीन से निकलने वाली रसीद नहीं दी जाती। साथ ही प्रत्येक राशन कार्ड पर 2 से 5 किलोग्राम तक कम अनाज दिया जाता है। कुछ हितग्राहियों ने यह भी शिकायत की कि पहले उनसे मशीन पर अंगूठा लगवा लिया गया, लेकिन बाद में राशन खत्म होने की बात कहकर बिना खाद्यान्न दिए लौटा दिया गया। वीडियो और पंचनामा के साथ SDM से शिकायत मामले की गंभीरता को देखते हुए पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर हस्ताक्षरित मौका मुआयना पंचनामा और निरीक्षण के वीडियो साक्ष्य सौंपे। उपसरपंच शिवम बड़गइयां ने मांग की है कि उचित मूल्य दुकान का लाइसेंस तत्काल निलंबित किया जाए, दुकान को सील किया जाए और आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत संबंधित संचालक एवं सेल्समैन के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार फिलहाल मामले में शिकायत प्रशासन के समक्ष पहुंच चुकी है। अब जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि स्टॉक रिपोर्ट और भौतिक सत्यापन में सामने आए अंतर की वजह क्या है और आरोपों में कितनी सच्चाई है। ग्रामीणों को अब प्रशासनिक कार्रवाई का इंतजार है।